तुम बिन 2 फिल्म वॉलपेपर

तुम बिन 2 सेलिब्रिटीज

Neha Sharma, Aditya Seal, Aashim Gulati


तुम बिन 2 पुरानी स्टोरी पर ज़रूरत से ज़्यादा फैली हुई फिल्म


तुम बिन 2 शोर्ट रिव्यू



स्टार कास्ट: नेहा शर्मा, आदित्य सील ,आशिम गुलाटी


डायरेक्टर: अनुभव सिन्हा


तुम बिन 2 फिल्म में क्या अच्छा है : हल्के परिवार वाले क्षण और कुछ बेहतरीन गीत इस फिल्म मं  शामिल है।

 
फिल्म में क्या बुरा है : फिल्म का क्लाइमेक्स आपके मनोरंजक का कत्ल बुरी तरह कर देता है। तीन प्रमुख अभिनेताओं में से कोई भी नही जानता है की कैसे कार्य करना है और फिल्म में निरंतर बेचैनी बनी रहती है।


फिल्म क्यों देखे : लगभग 15 साल के बाद आई फिल्म तुम बिन का दूसरा पार्ट आपको इमोशनली तौर पर मजबूर करता है फिल्म देखने के लिए।
 

फिल्म क्यों नही देखे : तुम बिन 2 में कोई रोमांस नही है और ना ही आपको पिछले फिल्म के तरह अधिक बेहतरीन गाने डाले गए है इसलिए आप इस फिल्म को छोड़ सकते है।


तुम बिन 2 फिल्म की पूरी कहानी :

तरण (नेहा शर्मा) और अमर (आशिम गुलाटी) प्यार में पड़ी एक आइडियल जोड़ी है। छुट्टी पर जब दोनों साथ में निकलते है तो स्कीइंग एक्सपेस्कीइंग करते समय अमर के साथ दुर्घटना हो जाती है और 10 दिन तलाशी अभियान के बाद बचाव दल को जब अमर का शरीर नही मिलता है तो उसे मृत समझ लिया जाता है।

मंगेतर की मौत के बाद तरण को परिवार खुश रखने की पूरी कोशिश करता है लेकिन कामयाब होते नजर नही आते है। तरण के सासुर (कंवल जीत) शेखर (आदित्य सील) का परिचय तरण के साथ कराते है। तरण के दर्द को शेखर कुछ कम करता है जिसकी वजह से दोनों के अंदर फिलिंग पैदा होने लगती है। दोनों में अभी प्यार विकसित हो ही रहा होता है कि पता चलता है की चमत्कारिक ढंग से आठ महीने के लिए अमर कोमा में है और उसका इलाज किया जा रहा था और वह वापिस आ जाता है।


तरण को अपने अतीत और वर्तमान के बीच चयन करना है वह किसका चयन करती है यह जनाने के लिए आपको सिनेमाघर तक जाना होगा।


तुम बिन 2 स्क्रिप्ट रिव्यू :अगर आप तुम बिन फिल्म की वापसी की उम्मीद से सिनेमाघर में जा रहे है तो तुम बिन 2 मोटे तौर पर अमर की वापसी को छोड़कर मूल रूप में एक ही अवधारणा है। तुम बिन 2 की स्क्रिप्ट में सबसे अफ़सोस बात यह है कि भावनात्मक कनेक्ट की कमी साफ़ नजर आती है। फिल्म की स्क्रिप्ट में पात्रों को बेहद ही घटिया तरीके से तैयार किया गया है।

कहानी में पुरुष पात्र तब अधिक गुस्सा दिलाते है जब वह तरण के साथ पार्सल वाला भावनात्मक खेल खेलते हुए कहते है कि तुम उससे प्यार करती हो !! तुम उससे अधिक प्यार करती हो और मुझे ख़ुशी होगी की तुम्हे तुम्हारा प्यार मिल जाएं। एक प्रेम त्रिकोण होने के बावजूद तुम बिन 2 प्यार के बारें में कुछ भी नही सिखाती है।


तरण की बहनों, मनप्रीत और गुरप्रीत के रोल लीड रोल की तुलना अधिक बेहतर है। दृश्यों की बात करें तो विशेष रूप से परिवार के साथ डिनर करने का सीन काफी अच्छा है और गुरप्रीत एक पाकिस्तानी के प्यार में गिर जाती है वह सीन हल्के फुल्के हास्य मजेदार वाले है।

फिल्म में शेखर का किरदार किताब के कोट्स की तरह रखा गया है। वह फिल्म में तारन के लिए बिना अर्थ ही फिलोसोफिकल होता रहता है। स्क्रिप्ट की रफ्तार काफी धीमी है और साथ में काफी पुरानी है आज के दौर में ऐसी स्क्रिप्ट लोगो को कम ही पसंद आती है।


स्टार एक्टिंग रिव्यू : नेहा शर्मा का एक्टिंग प्रदर्शन कमजोर है फिल्म में वह अपने दर्द का अहसास दर्शको को नही करा सकी है। दर्द को पेश करने में वह पूर्ण रूप विफल रही है। उनकी सवांद आदायगी में कोई परविर्तन नही हुआ है। नेहा को अपनी काफी सुधार की आवश्यकता है।

अमर के रूप में आदित्य सील फेस से तो सही रहे है लेकिन उपदेशात्मक भाव को अच्छी तरह से प्रकट नही कर सके है , नशे के दृश्यों की बात करें तो उसमें वह और अभी अधिक खराब लगे है।


आशिम गुलाटी के बारें में कहा जा सकता है कि उन्होंने एक मरे हुए व्यकित का किरदार निभाया है इसलिए उनको अधिक बोलने की जरूरत नही पड़ी है और वह इस रोल में ठीक ठाक रहे है।


कंवल जीत एक प्रतिभाशाली अभिनेता हैं ,पापाजी की भूमिका उनके लिए उपयुक्त रही है।


डायरेक्शन और म्यूजिक रिव्यू : अनुभव सिन्हा तुम बिन के अगले पार्ट को लेकर आवश्यकता से अधिक आश्वस्त लग रहे थे लेकिन वास्तव में जिस जादू की उम्मीद थी वह हुआ नही। तुम बिन 2 स्कॉटलैंड और ग्लासगो में शूट की गयी है और शायद इसके बारे में इससे अच्छी चीज कोई और हो। फिल्म में दिखाए गए स्थान और फिल्म में रखे गए डिजाइन को बहुत ही खूबसूरती से पेश किया गया है।

इस फिल्म को रोमांटिक गीतों से सजा कर रोमांटिक नाटक बनाने की कोशिश की गयी है लेकिन तीनो कलाकारों के बीच केमिस्ट्री ना होने की वजह से फिल्म में प्रेम उत्पन्न नही हो सका है।


डायरेक्टर ने फिल्म के दूसरे भाग में कुछ सीन ऐसे डाल दिए है जो अनजाने तरीके से हास्यास्पद लगते है। अमर कोमा के बाद हवाई अड्डे के दृश्य में अचानक अजनबियों का एक समूह 'ढोलक' के साथ उसके आसपास नृत्य शुरू कर देते है। क्लाइमेक्स की बात करें तो वह क्षण बेहद ही खराब लगता है जब दोनों कलाकार आपस में तू रख ले भाई की तरह पेश आते है।


सनीत की बात करें तो जगजीत सिंह की आवाज़ के साथ तेरी फ़रियाद इस फिल्म का सबसे अच्छा गीत है। फिल्म के गीत संगीत को अच्छा कहा जा सकता है लेकिन तुम बिन की तुलना में वो बात नही है .. फिल्म के गाने तो अच्छी कमाई कर रहे है लेकिन फिल्म की कमाई भी अच्छी होगी इसकी उम्मीद कम है।










तुम बिन 2 फिल्म वीडियो

        

Comment Box

    User Opinion
    Your Name :
    E-mail :
    Comment :

Latest Movies Wallpapers